जानिए धारा 80 में शामिल सभी मदों को | List of Tax Deductions under section 80 of Income Tax Act, 1961 in Hindi

List Deductions under section 80 in Hindi

भारत में मध्यवर्ग की अधिकता है और देश को चलाने का जिम्मा भी इन्ही मध्यमवर्ग पर होता है, इन्ही के द्वारा अधिक tax का भुगतान किया जाता है और निवेश के लिए धन मुहैया भी इन्ही के द्वारा किया जाता है |

सरकार इन्ही को ध्यान में रख कर इनमे बचत को बढ़ावा देने के लिए कर में छूट का प्रावधान करती है | जिस धारा के अंतर्गत छूट मिलता है उसे धारा 80 (Section 80 ) कहा जाता है, आज के इस लेख में हम deduction under section 80 in Hindi के बारे में चर्चा करेंगे |

Deduction Under Section 80 in Hindi

धारा 80 के अंतर्गत वित्तीय वर्ष 2017-2018 में Rs 1,50,000 (80c के अंतर्गत ) एवं अन्य 80 के धरावों को मिलाकर 2,00,000 तक की छूट देने का प्रावधान किया गया है | आप के निवेश, दान आदि को मिलाकर आयकर में छूट इस राशि से अधिक नहीं हो सकती है | कुछ

इस धारा के अंतर्गत कई उपधाराएं भी बनाई गई है | जैसे-  धारा-80c (Section 80c), धारा 80ccd (Section 80ccd), धारा 80d (Section 80d)

धरा 80 को विभिन्न धाराओं में बांटा गया है जिनको निम्न चार्ट से समझा जा सकता है :-

Deduction-Under-Section-80-in-Hindi
 आयकर की धरा 80C, 80CCC & 80CCD के अंतर्गत मिलने वाली छूट

आयकर अधिनियम के धारा 80C के अंतर्गत आप अपनी आय से रुपये 1,50,000 तक के छुट के लिए आप दावा कर सकते हैं | आप अपने कुल कर योग्य आय से  80C के अंतर्गत 1,50,000 कम करा सकते हैं, और ये छूट व्यक्तिगत और HUF (Hindu Undivided Family) के लिए होता है  |

धरा 80C  को  धारा 88 (section 88) के कुछ प्रावधानों को कम करके और कुछ प्रावधानों को बढ़ा कर नए नाम से प्रस्तुत किया गया जो 1 अप्रैल 2006 से प्रभाव में आया, इसके आलावा धरा 80 CCC को जो पेंशन स्कीम में योगदान से सम्बंधित था को भी इसी  धरा 80C में मिला दिया गया है | 

Income Tax calculater

धारा 80C (Section 80c)  पर मिलने वालें छूटों का विवरण

Deduction Under Section 80 in Hindi

अब धारा 80C (Section 80c) को हम विस्तृत रूप में जानेंगे

Public Provident Fund (PPF)

 सभी प्रकार के उपलब्ध छोटे बचत योजनाओं में जिनमे निश्चित return मिलता है उसमे Public Provident Fund (PPF) सबसे अच्छा विकल्प होता है | (PPF) पर वर्त्तमान ब्याजदर 8.70% करमुक्त है और सामान्य परिपक्वता अवधि 15 वर्ष है | इसमें न्यूनतम 500 और अधिकतम 1,50,000 तक निवेश कर सकते हैं |

 ध्यान देने वाली बात ये है कि इसमें ब्याजदर के लिए आश्वासन दिया जा सकता है लेकिन निश्चित नहीं होता है , अर्थात इसमें ब्याजदर घट और बढ़ सकता है |

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Provident Fund (PF) & Voluntary Provident Fund (VPF)

  PF कर्मचारी के खाते से सीधे हर महीने कटता रहता है| इसमें कर्मचारी और नियोक्ता दोनों ही अपना योगदान देते हैं | कर्मचारी द्वारा दिए गए योगदान पर कर में छुट का प्रावधान है, कर्मचारी का योगदान 80C के अंतर्गत निवेश माना जाता है |

आपके पास नियमित भुगतान के अलावा एकमुश्त भुगतान की भी शुविधा होती है जिसे VPF (voluntary contributions Fund ) कहते हैं | इसमें 8.5% वार्षिक ब्याज डे होता है जो करमुक्त होता है |

National Savings Certificate (NSC) (VIII Issue)

 NSC एक निश्चित समयावधि का निवेश होता है जिसमे 5 वर्ष या 10 वर्ष की परिपक्वता अवधि की सुविधा होता है | इसमें वर्तमान में 5 वर्ष के  NSC पर 8.50% वार्षिक और 10 वर्ष के  NSC पर 8.80% वार्षिक का व्याज देय है|  reed more….

Life Insurance Premiums 

आप ने अगर स्वयं का, अपने पत्नी का, अपने बच्चों और आपने ऊपर आश्रित के लिए  जीवन बीमा में किये गए  भुगतान पर  धारा 80C (Section 80c) में छूट पाने के हक़दार हैं |
 Note – आपके द्वारा अपने माता पिता या अपने सास – ससुर के जीवन बीमा के लिए किया गया कोई भी भी भुगतान धरा 80C अंतर्गत करमुक्त नहीं हो सकता है | अगर आपने एक से अधिक जीवन बीमा की पोलिसी ले रखी है तो आप सभी को जोड़ कर आयकर में छूट के लिए दावा कर सकते हैं |

Home Loan Principal Repayment

आप ने होम लोन ले रखा है और हर महीने (EMI) देते हैं जिसमे Principal+ interest होता है इसमें से principal amount  धारा 80C के अंतर्गत छुट पाने के योग्य है | ध्यान रहे गृह ऋण पर लगाने वाला ब्याज आयकर अधिनियम की धरा 24 के अंतर्गत छूट पाने के योग्य है |

Sukanya Samriddhi Account 

सुकन्या समृद्धि योजना में बच्ची के जन्म से लेकर 10 वर्ष की उम्र तक न्यूनतम 1000 के जमा राशि से  कभी भी खुलवाया जा सकता है | एक वितीय वर्ष में अधिकतम 1,50,000 रुपये जमा किया जा सकता है | इस योजना में 14 वर्षों तक जमा किया जाता है |

ULIPS

Ulips एक प्रकार का  जीवन बीमा होता है इस योजना की धनराशि को शेयर मार्किट में निवेश किया जाता है | इसमें आप को उसी प्रकार छुट मिलेगा जैसे जीवन बीमा में मिलता है |

Equity Linked Saving Scheme (ELSS)

 ये म्यूच्यूअल फण्ड होता है जो विशेष रूप से कर बचाने के लिए निर्मित किया गया है , और इसे Equity Linked Saving Scheme (ELSS) कहा जाता है | इस योजना में निवेश की गई धनराशि पर धारा 80C के अन्तर्गत छूट पा सकते हैं |

पांच वर्षीय जमा योजनायें 

अधिसूचित बैंकों के पांच वर्षीय fixed deposits (FDs) और पांच वर्षीय Post Office Time Deposits (POTD) धारा 80C के अंतर्गत कर लाभ के लिए योग्य है |

Stamp Duty and Registration Charges for home

अगर आपनें घर खरीदा है और उसके लिए स्टाम्प ड्यूटी दिया है अथवा  घर के रजिस्ट्रेशन के लिए जो धनराशि खर्च किये हैं  वो धरा 80C के अन्तर्गत उस वर्ष करमुक्त होता है जिस वर्ष आपने घर खरीदा है |

Infrastructure Bonds

 इसे इन्फ्रा बांड भी कहते हैं, इसे सरकार की जगह  इन्फ्रा स्ट्रक्चर कंपनी जरी करती हैं | इन bonds में किया गया निवेश धरा 80C के अंतर्गत करमुक्त होता है |

NABARD rular Bond 

नाबार्ड दो तरह के बांड जारी करता है :-

1- NABARD rular Bond
2- NABARD भविष्य निर्माण बांड

इन दोनों बांड्स में से केवल NABARD rular Bond ही धारा 80C के अंतर्गत कर छुट के लिए मान्य होता है |

अब जरा हम Deduction Under Section 80c के कुछ उप धाराओं के बारे में चर्चा कर लें

80cc. 80ccd

धारा 80CCC  Deduction for Premium Paid for Annuity Plan of LIC or Other Insurer

जीवन बीमा के एक मुश्त योजना जो धारा 10 (23AAB) में निर्दिष्ट पेंशन योजना से सम्बंधित कोष में निवेश करने पर LIC या अन्य बीमा कंपनी के स्कीम में हो धारा 80CCC के अंतर्गत कर में छूट मिलता है |
ध्यान देने की बात ये है कि यदि करदाता इस बीमा को बीच में ही सरेंडर करता है तो उस वर्ष वो सरेंडर राशि करयोग्य होगी |

Section 80ccd: deduction for contribution to pension account

Employee’s contribution – Section 80CCD(1) के अंतर्गत सभी व्यक्तिगत करदाता को जो अपने पेंशन खाते में निवेश करता है कर छूट ले सकता है | अधिकतम कर छुट करदाता के वेतन का 10% ( वेतनभोगी के लिए ), कुल आय का 10% ( निजी व्यवशाय वाले के लिए ) या 1,00,000 जो भी कम होगा | वितीय वर्ष 2015-16 के लिए ये लिमिट 1,00,000 से बढ़ा कर 1,50,000 कर दिया किया गया है |

Employer’s contribution – Section 80CCD(2) :- जैसा की हम सभी जानते है कि पुरानी पेंशन योजना को बंद करके NPS को लागु किया गया है | करदाता द्वारा इस पेंशन योजना में जो उसका योगदान है (नियोक्ता के योगदान को छोड़ कर ) उस राशि पर कर में छुट मिलता है | अधिकतम कर छुट करदाता के वेतन का 10% | अटल पेंशन योजना में होने वाले निवेश को भी इस योजना में कर में लाभ दिया जाता है |

ये तो बात रही धारा 80C (Section 80c) अब ‘deduction under section 80′ के अन्य धाराओं की बात करते हैं

Deductions on Interest from Savings Account

section 80 TTA

Section 80 TTA: Deduction from gross total income for Interest on Savings bank account

कोई भी व्यक्तिगत या HUF करदाता अपने बचत खाता पर मिलने वाले ब्याज में अधिकतम रुपये 10,000 का कर लाभ पा सकता है | बचत खाते में पर मिला ब्याज पहले ‘अन्य आय’ में जोड़ दिया जायेगा फिर वास्तव में मिला ब्याज अथवा 10,000 रुपये जो भी कम हो को कर मुक्त किया जायेगा | ये ब्याज किसी बैंक, को-ऑपरेटिव सोसाइटी अथवा पोस्ट ऑफिस के खतों पर मिल सकता है |

Deductions on House Rent

Section 80GG

Section 80GG: Deduction for House Rent Paid where HRA is not received :-

1- ये छुट उन करदाताओं को मिलता है जिन्हें HRA नहीं मिलता है और करदाता, उसकी पत्नी या उसके अवयस्क बच्चे के नाम से कोई मकान वहां न हो जहाँ वो कार्यरत है |
2- करदाता को वास्तव में किराये के मकान में रहता हो |

कर में छूट निम्न बिन्दुओं पर मिलती है :
1-Rent paid minus 10% of total income
2-Rs 2000/- प्रति महीना
3- कुल आय का 25%

वितीय वर्ष 2016- 17 के लिए कर में छूट की गणना 2000/- प्रति महीना से बढ़ा कर 5000/- प्रति महीना कर दिया गया है |

 

Deductions on Education Loan for Higher Studies

Section 80E: Deduction for Interest on Education Loan

Section 80E: Deduction for Interest on Education Loan for Higher Studies

पढाई के लिए लिए गए शिक्षा ऋण पर लगाने वाले ब्याज पर भी कर लाभ मिलता है | यह कर करदाता अपने लिए, उसकी पत्नी के लिए या अपने बच्चों के लिया है तो उसे कर लाभ मिलेगा | यह छूट अधिकाताम 8 वर्षों तक मिलता है |

Deduction for First Time Home Owners

Section 80EE: Deductions on Home Loan Interest for First Time Home Owners :-

इस धारा के अंतर्गत उन व्यक्तिगत करदाताओं को लाभ मिलता है जो पहली बार घर खरीदने के लिए गृह ऋण लिए है | घर की कीमत 40 लाख या उससे कम होनी चाहिए और लोन 25 लाख से कम होना चाहिए |

Deductions on Rajiv Gandhi Equity Saving Scheme (RGESS)

Section 80CCG: Rajiv Gandhi Equity Saving Scheme (RGESS) :- इस योजन का शुभारम्भ 2012 के बजट में किया गया | निवेशक जिनका कुल आय 12 लाख से कम होता है वो इस स्कीम के तहत निवेश कर सकते हैं |

Section 80D

Section 80D, 80G

Section 80D, 80G

 

निष्कर्ष :
इस लेख के माध्यम से मैंने deduction under section 80 के सभी धाराओं को विस्तृत रूप में बताने की कोसिस किया हूँ | आप इन धारों का प्रयोग करके अपने लिए 1,50,000 तक की राशि का कर बचा सकते हैं | आशा है कि आपको ये लेख पसंद आया होगा | आगर deduction under section 80 के बारे में और भी कुछ जानते हों तो comment box में जरुर लिखे |

 

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