SIP Meaning in Hindi | Systematic Investment Plan in Hindi! (SIP) क्या होता है?

SIP Meaning in Hindi

(Systematic Investment Plan in Hindi)

SIP meaning in Hindi (meaning of sip in Hindi), SIP क्या है? 

आज के भारतीय समाज में मध्यमवर्गीय परिवार की अधिकता है, उसके अपने सपने है जैसे- बच्चों की पढाई, घर बनवाना, शादी और सेवानिवृति | इन सभी लक्ष्यों को पाने के लिए वो अपने कमाई का बड़ा हिस्सा अलग-अलग निवेश माध्यमों में लगाते हैं | उन्हीं माध्यों में से आज का सबसे लोकप्रिय माधयम हो गया है SIP | आज के SIP meaning in Hindi के इस लेख में मैं आपको , SIP के लाभ और इसकी विशेषताओं के बारे में चर्चा करूँगा |

SIP क्या है ? (What is SIP in Hindi)

SIP full form “Systematic Investment Plan  या व्यवस्थित निवेश योजना होता है, अगर हम “SIP meaning in Hindi”  जानने का प्रयास करें तो ये काफी हद तक RD (आवर्ती जमा योजना) कि तरह होता है जिसमे एक  निश्चित अवधि के अंतराल में (साप्ताहिक, मासिक, त्रैमासिक इत्यादि ) के  हमें निश्चित राशि का निवेश करना होता है |

SIP के अंतर्गत आपके Bank account को Mutual Fund के SIP scheme से जोड़ दिया जाता है, जिससे आपके द्वारा निश्चित की गई तिथि को आपका क़िस्त कट कर Mutual Fund में जमा हो जाती है |

आपके SIP का पैसा Mutual Fund के माध्यम से पूंजी बाज़ार में लगाया जाता है | निवेश का ये तरीका आपको Mutual Fund में एक ही बार में अत्यधिक निवेश के जोखिम से बचाता है | SIP आपको 1,00,000 एक ही बार में जमा करने के जगह 100 बटे हुए भागों में निवेश कि सुविधा देता है | 

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SIP कैसे काम करता है (How Does SIP works)

SIP meaning in Hindi जानने के बाद अब हम ये समझ लें कि SIP काम कैसे करता है !
मै इसे आपको एक उदहारण के माधयम से समझाता हूँ-

मानलीजिये आपने 01-01-2016 से निवेश प्रारंभ किया उस दिन 1000 में 20/unit के हिसाब से आपको 50 यूनिट मिले | अगले महीने 01-02-2016  को 19/unit  के हिसाब से 52.632 यूनिट मिले | फिर तीसरे महीने 01-03-2016 को  20/unit के हिसाब से आपको 50 यूनिट मिल गए, अब आपके पास 152.632 यूनिट हो गए और आपने 3000 निवेश कर दिया है | अब अगर आपको अपना पैसा वापस लेना है तो 152.632*20=3052.64 आपको रिटर्न मिलेगा | यानी आपने औसतन मुनाफा अर्जित कर लिया|

व्यक्ति पर कई अन्य वित्तीय जिमेदारियां होती हैं SIP उन जिम्मेदारियों को प्रभावित किये बिना म्यूच्यूअल फण्ड में  निवेश का अवसर प्रदान करता है | SIP में निवेश नए ज़माने का सबसे आकर्षक निवेश विकल्प है क्योंकि इसके माध्यम से कम बज़ट वाले निवेशक भी छोटे – छोटे जैसे 500-1000 के माध्यम से वो नियमित निवेश कर सकता है |

SIP का नाम सुनते ही लोगों को लगता है कि इस निवेश में बहुत जोखिम होगा क्योंकि इसका पैसा शेयर मार्किट में लगता है, लेकिन ऐसा नहीं है आप का पैसा केवल शेयर मार्किट में ही नहीं लगता है | आप SIP का पैसा किसी भी म्यूच्यूअल फण्ड में लगा सकते हैं जैसे बैलेंस फण्ड, डेब्ट फण्ड इत्यादि किसी भी प्रकार के फण्ड में निवेश कर सकते हैं |

SIP Meaning in Hindi

 

SIP की अन्य विशेषताएं निम्न प्रकार के हैं 

1.धन के जुड़ते रहने कि ताकत :- SIP के माध्यम से छोटे-छोटे भाग में निवेश किया जाता है इससे आप का पैसा एक बार में नहीं लग कर अलग अलग भागों में होता है जिससे आपको ब्याज का अत्यधिक लाभ मिलता है |

उदहारण- राम 25 वर्ष कि उम्र से  1000 हर महीने के हिसाब से बचाता है, वहीँ श्याम 35 वर्ष कि उम्र से 1000 रुपया हर महीने निवेश करता है जब राम ६० वर्ष पूरा करेगा तो उसे 8.5% के ब्याज से 26,13,952  रुपये और श्याम को 60 वर्ष पूरा करने पर 10,39,369 रपये मिलेंगे | इस प्रकार आपने देखा कि दोनों का निवेश धन बराबर है और ब्याज भी बराबर है फिर भी समय के अंतर से रिटर्न में बहुत बड़ा अंतर है |

2. नियमित निवेश :- अपने निवेश को सुरक्षित बनाये रखने के लिए सबसे जरुरी सिद्दांत हैं – नियमित निवेश करें, निवेश पर नज़र बनाये रखें, और निवेश के तरीके में अनुशासन बनाये रखें |

3.निवेश के कीमत का औसत :- जब आप SIP के माध्यम से निवेश करते हैं तो आप थोड़ा-थोड़ा निवेश करके अलग अलग यूनिट कि खरीदारी करते हैं तो आपकी प्रति यूनिट औसत कीमत कम हो जाती है | यह रुपये कि औसत लगत कि निति होती है जो एक लम्बी अवधि के समझदार निवेशकों के लिए बने गई है |

SIP Investment के क्या फायदे हैं?

1. बड़ी-छोटी राशि का निवेश :

SIP की सबसे बड़ा लाभ ये है कि आप अपने निवेश करने की क़िस्त को स्वयं निर्धारित कर सकते हैं | इसलिए आप छोटी से बड़ी किसी भी राशि से निवेश शुरू कर सकते है यहाँ तक कि 500 रुपये से भी शुरू हो सकता है |

2. बचत का सरल तरीका :

SIP के अंतर्गत आपके Bank account को Mutual Fund के SIP scheme से जोड़ दिया जाता है, जिससे आपके द्वारा निश्चित की गई तिथि को आपका क़िस्त कट कर Mutual Fund में जमा हो जाती है | आपको न ही किसी ब्रांच में जाना पड़ता है और ना ही किसी से संपर्क करना पड़ता है |

3. SIP से पैसे निकलाना :

ELSS Scheme को छोड़ कर SIP के किसी  स्कीम में कोई Lock in Period नहीं होता है। Investor अपनी उद्देश्य  और लक्ष्य के अनुसार SIP में निवेश को जारी रखने या बंद करने का निर्णय लेते हैं। इससे Investor को अच्छे Return के साथ-साथ Advanced Liquidity सुविधा मिलती है|

4. Rupee-Cost Averaging :

SIP के माध्यम से  Mutual Fund में निवेश करने से आप बाजार के उतार चढ़ाव कम करने में सफल हो जाते हैं | SIP से  निश्चित अंतराल में निवेश होता जाता हैं, जब मार्केट मंदा होता हैं तो आपको Mutual Fund की ज्यादा Units खरीदते हैं वही तेजी होने पर आपको कम Units मिलती हैं। दीर्घ काल में आपके Mutual Fund Units की औसत कीमत पर बाज़ार के उत्तार-चढ़ाव का प्रभाव नहीं पड़ता।

5. Power of Compounding

Compounding का अर्थ हैं ब्याज पर ब्याज मिलना| जब SIP में निवेश किया जाता हैं तो जो भी Return मिलता जाता हैं उसे वापस Re-Invest कर दिया जाता हैं जिससे Investor के Returns बढ़ जाते हैं| अर्थात आपका निवेश चक्र्व्रिधि बढ़ता है |

7. कम जोखिम :

SIP से  निवेश बाज़ार के हर स्तर (ऊपर या नीचे ) और कई कंपनी में निवेश से जोखिम का बटवारा हो जाता है इसी लिए SIP से निवेश करना सुरक्षित रहता है |

8. कर में छूट :

जब आप SIP में निवेश करते हैं तो राशि के निवेश करने या 1 साल के बाद निकषी पर कोई टैक्स नहीं लगता है | ELSS के माध्यम से आप 80C में निवेश के रकम पर tax छूट भी पा सकते हैं |

निष्कर्ष- आज के ज़माने में SIP निवेश का सर्वोतम विकल्प है SIP के माध्यम से अधिक जोखिम उठाने वाले निवेशक भी निवेश कर सकते हैं और कम जोखिम वाले निवेशक भी निवेश कर सकते हैं |
आशा करता हूँ कि SIP meaning in Hindi (meaning of sip in Hindi), SIP क्या है? के विषय में लिखे लेख से आप SIP के बारे में आप भली भाती परिचित हो चुके होंगे | अगर आप भी SIP के बारे में मुझसे बेहतर जानते हैं तो जरुर बताएं |

 

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